दिमाग में बैठा लें ITR की ये बातें, वरना लगेगा जुर्माना 

किनके लिए ज़रूरी है ITR?

अगर आपकी इनकम यानी कुल कमाई 2.5 लाख रूपए से ज्यादा है, तो आपको Income Tax File करना ज़रूरी है 

सीनियर सिटिज़न को छूट 

सीनियर सिटिज़न को सालाना 3 लाख रूपए से कम की कमाई के मामले में सरकार आईटीआर फाइल करने की छूट देती है

ITR फॉर्म में न करें गलतियाँ 

इनकम टैक्स रिटर्न फॉर्म भरते समय करदाता अक्सर गलतियाँ कर जाते हैं ऐसे में आपको कुछ बातों का ख़ास ध्यान रखना चाहिए 

गलत ITR फॉर्म 

करतादा अक्सर गलत फॉर्म भर देते हैं कमाई के स्रोत्र के आधार पर सरकार द्वारा अलग - अलग ITR फॉर्म होते हैं इनका ध्यान रखें 

ई-वेरिफिकेशन है ज़रूरी 

अक्सर करदाताओं को लगता है की आईटीआर भरने के बाद उनका काम ख़तम हो गया है लेकिन ITR Verfication भी ज़रूरी है 

कब तक कर सकते हैं वेरिफिकेशन 

टैक्सपेयर्स को ITR फाइल करने के 120 दिनों के अन्दर ही इसका ई-वेरिफिकेशन करना होता है, वरना इसका आपके ITR पर असर पड़ता है

समझ लें टैक्स सिस्टम 

टैक्सपेयर्स के पास दो टैक्स सिस्टम मौजूद हैं आईटीआर भरने से पहले पुराना टैक्स सिस्टम और नया टैक्स सिस्टम अच्छे से समझ लें 

क्या है अंतर 

पुराने टैक्स सिस्टम में  आप डिडक्शन का लाभ उठा सकते हैं, नए टैक्स सिस्टम में आपको इसका लाभ नहीं मिलता है 

हो सकती है मुसीबत 

आईटीआर फॉर्म में छोटी-छोटी गलतियाँ आगे चलकर आपको बड़ी मुसीबत में डाल सकती हैं इसलिए आपको इन गलतियों से बचना चाहिए